हरियाणा में अभी भी बारिश के आसार बने हुए है।
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि हरियाणा राज्य में मौसम आमतौर पर 5 मार्च तक परिवर्तनशील रहने की संभावना है। इस दौरान पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव से 3 व 4 मार्च के दौरान बीच-बीच में हवाओं में बदलाव आने से राज्य के ज्यादातर क्षेत्रों में आंशिक बादलवाई रहने की संभावना है।
इस दौरान दिन के तापमान में हल्की गिरावट जारी रहने की संभावना है। परंतु 5 मार्च के बाद उत्तर-पश्चिमी हवाएं चलने से फिर से रात्रि तापमान में गिरावट आने की संभावना है।
राज्य में 27 फरवरी को मौसम ने करवट ली थी। इस दिन कई जिलों में बूंदाबांदी देखने को मिली। 28 फरवरी को अधिकतर जिलों में सुबह बारिश शुरू हो गई। रात को हिसार, अंबाला, करनाल, कुरुक्षेत्र, यमुनानगर, भिवानी, जींद, चरखी दादरी, रेवाड़ी, नूंह, पलवल और महेंद्रगढ़ में ओले गिरे। इसके अलावा पानीपत, सोनीपत, फरीदाबाद, गुरुग्राम और झज्जर में तेज बारिश हुई।
उधर, शुक्रवार को हिसार, अंबाला, करनाल, कुरुक्षेत्र, यमुनानगर, भिवानी, जींद, चरखी दादरी, रेवाड़ी, नूंह, पलवल और महेंद्रगढ़ में बारिश के साथ भारी ओलावृष्टि देखने को मिली। इसके अलावा पानीपत, सोनीपत, फरीदाबाद, गुरुग्राम और झज्जर में तेज बारिश हुई। ओलावृष्टि के कारण गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचा है
