हरियाणा की तहसीलों में आज से पेपरलेस वर्क सुविधा शुरू होने जा रही है। इस आॅनलाइन प्रक्रिया में संपत्ति खरीदार और विक्रेता अपनी सुविधानुसार किसी भी समय (24×7) साइट पर रजिस्ट्रेशन कर सकेंगे। साथ ही अपनी मर्जी के मुताबिक अपॉइंटमेंट ले सकेंगे। डीड के लिए उनको बार-बार तहसील जाने से भी छुटकारा मिलेगा।
सिर्फ डीड के वक्त ही फोटो और बायोमेट्रिक के लिए तहसील जाना है। इस सेवा की शुरुआत सीएम नायब सैनी आज कुरुक्षेत्र की बाबैन तहसील से करेंगे। इसके बाद यह सुविधा पूरे प्रदेश में शुरू हो जाएगी। इसके साथ ही तहसील में पेपरलेस रजिस्ट्री (डीड) के साथ सीमांकन पोर्टल, वॉट्सऐप चैटबॉट और राजस्व न्यायालय मामला प्रबंध प्रणाली भी लागू होगी।
अफसरों का कहना है कि यह प्रोजेक्ट आम जनता के लिए लैंड रजिस्ट्रेशन सिस्टम को सरल और कारगर बनाने के लिए बनाया गया है। इस टेम्प्लेट-आधारित आवेदन मॉड्यूल के साथ, आवेदन को वेरिफाइ के लिए संबंधित तहसील कार्यालय भेजा जाएगा और उसी पोर्टल पर अनुमोदन प्राप्त करने के बाद, आवेदक भुगतान प्रक्रिया पूरी कर सकता है और अपॉइंटमेंट स्लॉट बुक कर सकता है।
नई प्रक्रिया काफी आसान और सरल है। इसमें खरीदार, विक्रेता या कोई भी Jamabandi.com.inc साइट पर जाकर अपने लॉगिन से डीड के लिए रजिस्ट्रेशन कर सकता है। इस टेम्प्लेट में खरीदार और विक्रेता को डीड और अपनी जानकारी भरनी है। साथ ही आॅनरशिप के डॉक्यूमेंट अपलोड करके अपनी मर्जी के मुताबिक किसी भी दिन की अपॉइंटमेंट लेनी है।
कुरुक्षेत्र की डीआरओ चेतना चौधरी ने बताया कि उसके बाद तहसीलदार वर्किंग-डे में उन डॉक्यूमेंट की चेकिंग करेंगे। डॉक्यूमेंट में आॅब्जेक्शन होने से पर खरीदार के पास मैसेज चला जाएगा। अगर कोई आॅब्जेक्शन नहीं हुआ तो अपॉइंटमेंट पर डीड बन जाएगी।
इसके लिए खरीदार और विक्रेता को फोटो और बायोमैट्रिक के लिए एक बार तहसील में आना होगा। उसके बाद उनके पास डीड की PDF उनके मोबाइल पर चली जाएगी। हालांकि गवाह और नंबरदार की जरूरत पहले की तरह पड़ेगी।
डीसी मीणा ने कहा कि भूमि की निशानदेही के लिए सरकारी मशीन रोबोट का इस्तेमाल होगा। इसके लिए मुख्यमंत्री सीमांकन पोर्टल भी लॉन्च करेंगे। इस पोर्टल पर आवेदन करने के बाद नागरिक अपनी भूमि की निशानदेही सरकारी मशीन से करवा सकेंगे। इस प्रक्रिया में उनका खर्च प्राइवेट मशीन से करवाने की तुलना में काफी कम आएगा।
