रोहतक, 3 नवंबर : उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा है कि रोहतक की तहसीलों में भी पेपर लेस रजिस्ट्री का कार्य आज से आरंभ हो गया है। जिला की महम तहसील में आज पहली पेपरलेस रजिस्ट्री की गई। उल्लेखनीय है कि हरियाणा देश का पहला ऐसा राज्य है, जहां पर पेपरलेस रजिस्ट्री का कार्य आरंभ किया गया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गत 29 सितंबर को बाबैन तहसील से पेपरलेस रजिस्ट्रेशन की नई व्यवस्था की शुरुआत की थी।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा कि रोहतक जिला की तहसीलों में जमीन या संपत्ति की रजिस्ट्री पूरी तरह से डिजिटल हो गई है। इस कदम से लोगों को कागजी कार्रवाई के झंझट से मुक्ति मिलेगी और भ्रष्टाचार पर भी अंकुश लगेगा। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार के निर्णय के अनुसार 25 नवंबर से ऑटो म्यूटेशन की प्रक्रिया भी शुरू हो जाएगी, जिसका मतलब है कि रजिस्ट्री होते ही भूमि रिकॉर्ड में खरीदार का नाम अपने आप दर्ज हो जाएगा, इसके लिए अलग से कोई आवेदन या कागजी प्रक्रिया नहीं करनी पड़ेगी।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा कि अब जिला के लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। उन्होंने कहा कि पेपर रजिस्ट्री, रजिस्ट्री की जटिल प्रक्रिया और भ्रष्टाचार से मुक्ति मिलेगी। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य विकास में समान भागीदारी, शासन में पारदर्शिता और समाज में संवेदनशीलता लाना है। उन्होंने कहा कि पेपरलेस प्रक्रिया के तहत नागरिकों को केवल एक बार फोटो खिंचवाने व हस्ताक्षर के लिए तहसील जाना होगा। इसके बाद अधिकारी दस्तावेजों की जांच कर अपनी स्वीकृति देंगे।
रोहतक की तहसीलों में भी शुरू हुआ पेपरलेस रजिस्ट्री का कार्य :- उपायुक्त सचिन गुप्ता, भ्रष्टाचार पर लगेगा अंकुश और कागजी कार्रवाई के झंझट से मुक्ति

