Site icon Digital Bhoomi – Haryana's Leading News Plate form and Weekly Newspaper Get latest Haryana News

हरियाणा के 2 राज्यसभा सांसदों की शपथ: BJP के भाटिया और कांग्रेस के बौद्ध ने हिंदी में ली शपथ, सोनिया गांधी-खड़गे रहे मौजूद

हरियाणा कांग्रेस के नवनिर्वाचित राज्यसभा सांसद कर्मवीर बौद्ध ने आज राज्यसभा में अपनी शपथ प्रक्रिया पूरी की। राज्यसभा सभापति सी. पी. राधाकृष्णन ने उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस दौरान सदन में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और सोनिया गांधी भी मौजूद रहीं। बौद्ध ने शपथ से पहले दोनों नेताओं का आशीर्वाद भी लिया।

कर्मवीर बौद्ध के राज्यसभा चुनाव को लेकर हरियाणा कांग्रेस में अंदरूनी राजनीति और असंतोष की स्थिति भी देखने को मिली थी। टिकट चयन को लेकर कई वरिष्ठ नेताओं और संभावित दावेदारों ने असहमति जताई थी।

वहीं, इसी दिन हरियाणा के नवनिर्वाचित सांसद संजय भाटिया ने भी राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ली। उन्होंने हिंदी में शपथ ग्रहण की।

राज्यसभा सीट के लिए कई दिग्गज नेताओं के नाम चर्चा में थे, लेकिन पार्टी नेतृत्व ने अंतिम समय में कर्मवीर बौद्ध के नाम पर मुहर लगाई। इस फैसले के बाद कुछ नेताओं और कार्यकर्ताओं ने संगठन के भीतर असंतोष जाहिर किया और पारदर्शिता पर सवाल उठाए।

सूत्रों के अनुसार, कुछ वरिष्ठ नेताओं को उम्मीद थी कि उन्हें राज्यसभा भेजा जाएगा, लेकिन अंतिम निर्णय में उनका नाम शामिल नहीं होने से नाराजगी सामने आई। हालांकि पार्टी नेतृत्व ने इसे संगठन का सामूहिक निर्णय बताते हुए विवाद को शांत करने की कोशिश की।

राज्यसभा चुनाव में सामाजिक प्रतिनिधित्व और राजनीतिक संतुलन को लेकर भी चर्चा रही। पार्टी ने दलित समाज से आने वाले नेता को राज्यसभा भेजकर सामाजिक संदेश देने की रणनीति अपनाई, जिसे संगठन के एक वर्ग ने सकारात्मक कदम बताया, जबकि कुछ नेताओं ने इसे राजनीतिक संतुलन का निर्णय बताया।

हरियाणा कांग्रेस में संगठनात्मक संतुलन साधने की कोशिश है। दलित प्रतिनिधित्व को मजबूत करने का संदेश दिया है। आगामी चुनावों से पहले पार्टी के भीतर शक्ति संतुलन का संकेत भी है। कुल मिलाकर, कर्मवीर बौद्ध का राज्यसभा पहुंचना जहां कांग्रेस के लिए सामाजिक और राजनीतिक संदेश देने वाला कदम माना जा रहा है, वहीं टिकट चयन और चुनाव प्रक्रिया को लेकर हुई अंदरूनी खींचतान ने इसे सियासी तौर पर चर्चा का विषय भी बना दिया था।

Exit mobile version