हरियाणा सरकार ने पूर्व HSSC चेयरमैन भोपाल सिंह खदरी को मुख्यमंत्री का स्पेशल ऑफिसर (ग्रिवेंस रिड्रेसल) यानी विशेष शिकायत निवारण अधिकारी नियुक्त किया है। मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की ओर से 12 जुलाई को जारी आदेश के अनुसार उनकी नियुक्ति अस्थायी आधार पर की गई है। वे इस पद पर तब तक बने रहेंगे, जब तक मुख्यमंत्री उन्हें इस जिम्मेदारी पर बनाए रखना चाहेंगे। वेतन-भत्तों और सेवा शर्तों संबंधी आदेश अलग से जारी किए जाएंगे।
HSSC के चेयरमैन रह चुके हैं भोपाल सिंह
यमुनानगर के गांव खदरी निवासी भोपाल सिंह खदरी को 23 मार्च 2021 को हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) का चेयरमैन नियुक्त किया गया था। उनका कार्यकाल मार्च 2024 तक था, लेकिन उन्होंने कार्यकाल पूरा होने से पहले 15 मार्च को इस्तीफा दे दिया था। उस समय इस्तीफे को लेकर कई तरह की चर्चाएं हुई थीं, हालांकि सरकार ने कोई आधिकारिक कारण सार्वजनिक नहीं किया था। उनके बाद हिम्मत सिंह को आयोग का अध्यक्ष बनाया गया।
भाजपा संगठन में भी निभा चुके हैं अहम भूमिका
भोपाल सिंह खदरी दिवंगत भाजपा सांसद रतनलाल कटारिया के लंबे समय तक राजनीतिक सचिव रहे हैं। उन्हें भाजपा संगठन और सरकार में भरोसेमंद चेहरों में माना जाता है। वे पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के भी करीबी सहयोगियों में शामिल रहे हैं।
किसान परिवार से प्रशासनिक जिम्मेदारी तक का सफर
साधारण किसान परिवार से आने वाले भोपाल सिंह खदरी ने अपने सार्वजनिक जीवन की शुरुआत गांव के सरपंच के रूप में की थी। इसके बाद वे HSSC के सदस्य बने और फिर आयोग के चेयरमैन पद तक पहुंचे। अब उन्हें मुख्यमंत्री कार्यालय में विशेष शिकायत निवारण अधिकारी की अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है।
एमए और एलएलबी की पढ़ाई कर चुके भोपाल सिंह खदरी प्रशासनिक अनुभव और संगठनात्मक कार्यशैली के लिए जाने जाते हैं।

