Site icon Digital Bhoomi – Haryana's Leading News Plate form and Weekly Newspaper Get latest Haryana News

हरियाणा में आज रात से मानसून सक्रिय:13 जुलाई तक बारिश का अलर्ट; दिन के तापमान में गिरावट से बढ़ेगी नमी

हरियाणा में आज रात से मानसून फिर सक्रिय हो जाएगा। 13 जुलाई तक प्रदेश के अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम बारिश का अलर्ट जारीa किया गया है। चौधरी चरण सिंह कृषि विश्वविद्यालय हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून की सक्रियता के कारण 11 से 13 जुलाई के दौरान अधिकांश क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

लेकिन 14 व 15 जुलाई के दौरान मानसूनी हवाओं की सक्रियता में मामूली कमी आने से उत्तरी जिलों में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश तथा पश्चिमी व दक्षिणी जिलों में कुछ स्थानों पर छिटपुट बूंदाबांदी होने की संभावना है। इस दौरान दिन के तापमान में मामूली गिरावट तथा वातावरण में नमी की मात्रा में बढ़ोतरी होने की संभावना है।

अभी तक हरियाणा के पश्चिमी और दक्षिणी जिलों में मानसून मेहरबान रहा है। यहां सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की जा रही है। जबकि उत्तरी और पूर्वी जिलों में अभी भी भारी मानसूनी बारिश की जरूरत है। हरियाणा-एनसीआर के दक्षिणी हिस्सों में आज भी उत्तर-पूर्वी राजस्थान के ऊपर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र बना हुआ है। इसका आंशिक असर देखने को मिलेगा।

महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, मेवात और सोनीपत के दक्षिणी जिलों में कहीं-कहीं छिटपुट बूंदाबांदी/बारिश की गतिविधियां देखने को मिल रही हैं। आपको बता दें कि हरियाणा-एनसीआर के दक्षिणी हिस्सों में मानसून 28 जून को पहुंचा था। 11 जुलाई को एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से पंजाब के ऊपर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र बनेगा। इस दौरान मानसून की ट्रफ लाइन अपने सामान्य स्थान यानी हरियाणा-एनसीआर में पहुंचने की संभावना है।

आज से 13 जुलाई तक हरियाणा-एनसीआर के उत्तरी और पूर्वी जिलों में मेघ गर्जन के साथ हल्की-मध्यम बारिश और कुछ स्थानों पर मूसलाधार बारिश होने की संभावना है। जबकि शेष हरियाणा में इस दौरान हल्की बारिश बूंदाबांदी देखने को मिलेगी। इस मौसम प्रणालियों द्वारा पिछली मौसम प्रणाली से विपरीत स्थानों पर बारिश की गतिविधियों की संभावना है। पिछली बार पश्चिमी और दक्षिणी जिलों पर ज्यादा असर रहा। इस बार उसके विपरीत उत्तरी और पूर्वी जिलों में ज्यादा असर देखने को मिलेगा।

Exit mobile version