रोहतक में एक व्यापारी की हत्या में जयपुर में 12 फरवरी को बाल सुधार गृह से भागे दो नाबालिगों का हाथ है। जयपुर वैस्ट पुलिस से सूचना मिलने पर मुजफ्फरनगर और रोहतक पुलिस ने दोनों को नेपाल बॉर्डर से पकड़ा है। इन दोनों को अब जल्द ही जयपुर लेकर आया जाएगा। दरअसल, रोहतक के लाखन माजरा में एक स्क्रैप व्यापारी सचिन मुंजाल की 2 मार्च को हत्या कर दी गई थी। जयपुर पुलिस को सूचना मिली थी कि इस हत्या में दोनों नाबालिगों का हाथ है।
जयपुर पुलिस की जांच में सामने आया कि 12 फरवरी को लॉरेंस का गुर्गा जयपुर के बाल सुधार गृह से 22 नाबालिगों के साथ भाग गया था। इनमें से कुछ को पड़ लिया गया। वहीं, लॉरेंस के गुर्गे ने साथ में भागे दो नाबालिगों की बाहर जाकर गैंगस्टर रोहित गोदारा से फोन पर बात करवाई। गैंगस्टर ने दोनों नाबालिगों को सचिन मुंजाल की हत्या का टास्क दिया था। हत्या के बाद ये दोनों नाबालिग अलग-अलग राज्यों में लगातार फरारी काट रहे थे।
डीसीपी वैस्ट अमित कुमार को देर रात इनके बारे में इनपुट मिला। उन्हें पता चला की नाबालिग नेपाल भागने वाले हैं। इस पर अमित कुमार ने इस की जानकारी रोहतक पुलिस को दी। इस पर रोहतक पुलिस ने मुजफ्फरनगर पुलिस के साथ मिलकर दोनों आरोपियों को नेपाल बोर्डर से पकड़ा है। जिन्हे रोहतक पुलिस लेकर जाएगी। इसके बाद जयपुर पुलिस इन दोनों आरोपियों को पूछताछ के लिए ला सकती हैं।
दोनों नाबालिग 17 साल के है। सचिन ही हत्या के बाद रोहित गोदारा ने सोशल मीडिया पर पोस्ट भी किया था। इस पर लिखा था कि इस हत्याकांड की जिम्मेदारी लेता हूं। इसके बाद पुलिस हत्यारों के पीछे लग गई थी। डीसीपी वैस्ट अमित कुमार ने बताया- उनके द्वारा रोहतक पुलिस को जानकारी दे दी गई। वहीं, जयपुर से भी एक टीम को रवाना किया गया है।
बता दें कि जयपुर की सेठी कॉलोनी स्थित बाल सुधार गृह से 12 फरवरी को भी लॉरेंस के एक गुर्गे समेत 22 नाबालिग सुधार गृह से फरार हो गए थे। सुबह 4 से 5 बजे के बीच बाल अपचारी जाली काटकर भाग निकले थे। इनमें एक लॉरेंस गैंग का गुर्गा भी शामिल था, जिसने जयपुर में जी क्लब पर फायरिंग की थी। उसी ने भागने का पूरा प्लान बनाया था।

