यमुनानगर। हरियाणा के यमुनानगर में गैस पाइपलाइन में लीकेज के बाद आग लगने की घटना में कई लोग झुलस गए। आग की चपेट में आई करीब 60 वर्षीय महिला दुकानदार सुनीता देवी गंभीर रूप से झुलस गईं। घटना के दौरान वह जमीन पर घिसटकर आग से दूर जाने और अपनी जान बचाने का प्रयास करती नजर आईं। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें उच्च चिकित्सा केंद्र रेफर कर दिया, जहां उनका उपचार चल रहा है।
यह हादसा 21 अक्टूबर की शाम महादेव कॉलोनी में हुआ, जहां सड़क किनारे गैस पाइपलाइन बिछाने का काम किया जा रहा था। घटना के बाद पुलिस ने शिकायत के आधार पर कंपनी से जुड़े लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पाइपलाइन में लीकेज के बाद लगी आग
शिकायतकर्ता कंवलजीत कौर के अनुसार, चिट्टा मंदिर चौक की ओर उनके मकान के बाहर दो दुकानें हैं। एक दुकान में वह सिमर ब्यूटी पार्लर एंड बुटीक चलाती हैं, जबकि पास की दुकान में सुनीता देवी प्रेस और इलेक्ट्रिक सामान का काम करती हैं।
आरोप है कि 21 अक्टूबर को शाम करीब 5:15 बजे सड़क किनारे गैस पाइपलाइन के पास गड्ढा खोदकर तीन-चार मजदूर काम कर रहे थे। शिकायतकर्ता का आरोप है कि मौके पर कंपनी का कोई इंजीनियर या अधिकारी मौजूद नहीं था और आग बुझाने के पर्याप्त इंतजाम भी नहीं थे। इसी दौरान पाइपलाइन से गैस लीक होने के बाद अचानक आग लग गई।
महिला आग की लपटों से घिरी, कई लोग झुलसे
आग इतनी तेजी से फैली कि आसपास मौजूद लोग इसकी चपेट में आ गए। सुनीता देवी गंभीर रूप से झुलस गईं। इसके अलावा रवि (18), अंकित (29), राकेश (45), अरमान (12), वंश (13) समेत अन्य लोगों के झुलसने की जानकारी सामने आई है।
घटना के बाद घायलों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। सुनीता की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया। हादसे के दृश्य में वह जमीन पर घिसटकर आग से दूर जाने का प्रयास करती दिखाई दीं।
ब्यूटी पार्लर और इलेक्ट्रिक दुकान का सामान जला
आग की वजह से दोनों दुकानों में रखा सामान भी जल गया। शिकायतकर्ता के अनुसार, ब्यूटी पार्लर में रखी इन्वर्टर-बैटरी, तीन सिलाई मशीनें, मोबाइल फोन, कपड़े, पार्लर का सामान और नकदी को नुकसान पहुंचा।
वहीं, सुनीता की दुकान में रखे कपड़े, एलसीडी, इलेक्ट्रिक सामान और नकदी भी आग की चपेट में आ गए। दुकानों के बाहर खड़ी साइकिल और एक्टिवा को भी नुकसान पहुंचने की बात कही गई है।
फायर ब्रिगेड ने आधे घंटे की मशक्कत के बाद पाया काबू
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंचीं। सुरक्षा के मद्देनजर बिजली विभाग को भी इलाके की बिजली आपूर्ति बंद करने के लिए सूचित किया गया। फायर ब्रिगेड के कर्मचारियों ने करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
पाइपलाइन पर काम कर रहे सहारनपुर निवासी नीरज ने बताया कि वह अंकित और ललित कुमार के साथ काम कर रहा था। इसी दौरान गैस की लीकेज हुई और पाइप फटने के बाद आग लग गई।
कंपनी के मालिक के खिलाफ केस दर्ज
शहर यमुनानगर थाना पुलिस ने शिकायतकर्ता कंवलजीत कौर की शिकायत पर 22 अक्टूबर को मुकदमा नंबर 726 दर्ज किया। पुलिस के अनुसार, वरुण टेलीकॉम कंपनी के मालिक अंकित सिंघानिया के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 125(a), 125(b) और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
शिकायतकर्ता ने कंपनी से जुड़े लोगों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए नुकसान की भरपाई की मांग की है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। गैस पाइपलाइन में आग लगने के वास्तविक कारणों और सुरक्षा इंतजामों में संभावित चूक का पता जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
फिलहाल हादसे में झुलसे लोगों के उपचार और घटना की जांच पर ध्यान केंद्रित है।
