केदारनाथ से 5 किलोमीटर ऊपर चौराबाड़ी ताल के पास ग्लेशियर के कैचमैंट में हिमस्खलन हुआ है, जिसने फिर 2013 में आई आपदा की याद ताजा कर दी है।
हालांकि यह एवलांच छोटा होने से नुक्सान नहीं हुआ है। जिला प्रशासन धाम में हालात पर नजर बनाए हुए है। हिमस्खलन का स्वरूप छोटा होने तथा फिलहाल कम बर्फ होने से इसकी गति बहुत अधिक नहीं थी। फिर भी खतरे से इन्कार नहीं किया जा रहा। धाम में कई दिनों से लगातार बारिश हो रही है। अनुमान है कि केदारनाथ के आसपास की पहाड़ियो पर बर्फबारी हुई है, जिस कारण ग्लेशियर खिसक गया होगा।

