स्कूल वो जगह होती है जहां बच्चों को पढ़ाई-लिखाई और अच्छे संस्कार सिखाए जाते हैं, लेकिन राजधानी भोपाल के एक सरकारी स्कूल का मामला सुनकर आप भी चौंक जाएंगे. यहां क्लास में पढ़ाने की बजाय एक महिला टीचर बच्चों से पैर दबवाती नजर आईं.
ये मामला एयरपोर्ट रोड स्थित गांधीनगर शासकीय महात्मा गांधी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का है. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में साफ-साफ देखा जा सकता है कि चौथी क्लास का एक बच्चा जमीन पर बैठकर टीचर के पैर दबा रहा है और टीचर कुर्सी पर बैठी हैं.
जानकारी के मुताबिक, ये घटना रक्षाबंधन से दो दिन पहले गुरुवार की है. टीचर का कहना है कि क्लास में प्रवेश करते समय टूटी हुई टाइल के गड्ढे में उनका पैर फंस गया और मुड़ गया, जिससे काफी दर्द हो रहा था. इसी दौरान बच्चों ने ‘प्रेमभाव’ से उनका पैर दबाना शुरू कर दिया. लेकिन वायरल वीडियो देखने के बाद लोग कह रहे हैं कि यह प्रेमभाव कम और स्कूल की अनुशासनहीनता ज्यादा लग रही है.
स्कूल के दूसरे स्टाफ के मुताबिक, चौथी क्लास एकमात्र ऐसी कक्षा है, जहां बच्चे जमीन पर बैठते हैं जबकि मैडम कुर्सी पर. वीडियो में भी यही दिख रहा है.
वीडियो वायरल होने के बाद महिला टीचर ने कहा कि किसी बच्चे को मजबूर नहीं किया गया. पैर में चोट लगने की वजह से बच्चे खुद दबाने लगे थे. इसमें कोई गलत बात नहीं है.
उधर, प्रदेश में लोक शिक्षण संचालनालय ने हाल ही में 264 स्कूलों को 27 संदीपनि स्कूलों में मर्ज करने का फैसला लिया है. इससे करीब 25 हजार बच्चों को नए स्कूलों में शिफ्ट होना पड़ेगा. लोगों का कहना है कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार की जरूरत है, वरना ऐसे मामले बच्चों के भविष्य पर बुरा असर डाल सकते हैं.
