हरियाणा विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी में गुटबाजी के बीच टिकट बंटवारे के सारे अधिकार हाईकमान को दे दिए गए हैं। कांग्रेस की स्क्रीनिंग कमेटी की पहली बैठक के बाद अंतिम फैसला राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर छोड़ दिया गया है।
दिल्ली में हुई स्क्रीनिंग कमेटी में पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा, सिरसा सांसद कुमारी सैलजा, रणदीप सुरजेवाला, पूर्व मंत्री बीरेंद्र सिंह, पूर्व मंत्री कैप्टन अजय यादव समेत कई बड़े नेता शामिल हुए। मीटिंग में जब उम्मीदवारों को लेकर अलग-अलग दावे नजर आए तो अंतिम फैसला हाईकमान पर छोड़ना पड़ा।
इस फैसले के बाद कांग्रेस हाईकमान हरकत में आ गया है। हाईकमान के निर्देश पर स्क्रीनिंग कमेटी ने सभी 90 विधानसभा सीटों पर कमेटियां बना दी हैं। जो कांग्रेस टिकट के लिए अप्लाई करने वाले सभी दावेदारों की हकीकत को परखेंगी। उनकी रिपोर्ट हुड्डा या सैलजा समेत किसी भी राज्य के नेता से शेयर नहीं होगी।
यह कमेटियां अपनी रिपोर्ट स्क्रीनिंग कमेटी चेयरमैन अजय माकन को देंगी। माकन इस रिपोर्ट काे लेकर लिस्ट फाइनल करने के लिए राहुल गांधी और पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से मीटिंग करेंगे।
कांग्रेस सूत्रों के मुताबिक अगस्त महीने के अंत तक कांग्रेस की पहली लिस्ट जारी कर दी जाएगी। दिल्ली में हुई मीटिंग में केंद्रीय नेतृत्व ने यह संदेश देने की कोशिश की कि हरियाणा के नेताओं में कोई गुटबाजी नहीं है।
यही वजह रही कि मीटिंग में पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के साथ कुमारी सैलजा, रणदीप सुरजेवाला, कैप्टन अभिमन्यु, प्रभारी दीपक बाबरिया और उदयभान एक साथ बैठे दिखाई दिए। वे आपस में भी बातचीत करते हुए नजर आए।
