हरियाणा में BJP के राज्यसभा सांसद सुभाष बराला के बेटे विकास बराला को असिस्टेंट एडवोकेट जनरल (AAG) नियुक्त करने के मामले में सरकार बैकफुट पर आ गई है। विवाद होने पर विकास बराला का नाम AAG की लिस्ट से हटा दिया गया है।
विकास बराला पर 2017 में चंडीगढ़ में तत्कालीन IAS अफसर की बेटी का पीछा करने और अपहरण करने की कोशिश करने के आरोप हैं। उस समय सुभाष बराला हरियाणा में BJP के प्रदेश अध्यक्ष थे। विकास बराला इस मामले में फिलहाल जमानत पर बाहर हैं और मुकदमा अभी कोर्ट में पेंडिंग है।
सरकार के फैसले पर पीड़िता ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अपनी नाराजगी जाहिर की थी। इसके अलावा 45 IAS अफसरों ने भी CM नायब सैनी को चिट्ठी लिखकर इस नियुक्ति को रद्द करने की मांग की थी।

