रोहतक के गांव खेड़ी साध में धान के अवशेष जलाने वाले 2 किसानों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। गांव स्तरीय निगरानी टीम को उनके खेतों में पराली जली हुई मिली। जिसकी लोकेशन हरसेक से प्राप्त हुई। कृषि विभाग के अधिकारी संदीप हुड्डा ने रोहतक के आईएमटी थाने में धान के अवशेष जलाने की शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत में कहा गया कि धान की कटाई के बाद बचे अवशेषों को जलाने पर रोक लगाई गई है। इसको लेकर उप कृषि निदेशक रोहतक के आदेशानुसार गांव स्तरीय संयुक्त टीम (कृषक/पटवारी/ग्राम सचिव) का गठन किया गया है। 20 नवंबर को हरसेक से आग लगने की लोकेशन प्राप्त हुई। इसके बाद खेतों का निरीक्षण करने के दौरान गांव स्तरीय निगरानी टीम ने पाया कि 2 किसानों ने अपने खेतों में धान के अवशेष जलाए हैं।
जिसमें गांव खेड़ी साध निवासी मित्रा प्रवीण और सुभाष शामिल हैं। प्रारंभिक जांच में किसान ने नियमों का उल्लंघन किया है। इनके खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। ताकि किसानों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके। शिकायत के आधार पर पुलिस ने दोनों किसानों के खिलाफ वायु एवं प्रदूषण नियंत्रण अधिनियम समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
