रोहतक, 23 दिसंबर: राजस्व विभाग की वित्त आयुक्त एवं अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने आगामी वर्ष की बाढ़ सुरक्षा तैयारियों को लेकर उपायुक्तों के साथ एक वर्चुअल बैठक में समीक्षा की।
बैठक के दौरान सरकार द्वारा पहले से स्वीकृत बाढ़ सुरक्षा कार्यों की जिला-वार स्थिति की समीक्षा की गई। उपायुक्त रोहतक सचिन गुप्ता ने जिले में बाढ़ नियंत्रण एवं जलभराव से निपटने के लिए किए जा रहे कार्यों की प्रगति और क्रियान्वयन की जानकारी दी। उपायुक्त सचिन गुप्ता कहा कि रोहतक जिला के लिए सरकार द्वारा कई बाढ़ सुरक्षा कार्य स्वीकृत किए गए हैं, जो वर्तमान में विभिन्न चरणों में क्रियान्वयनाधीन हैं। उन्होंने कहा कि इन कार्यों की योजना और क्रियान्वयन पिछले मानसून सीजन के दौरान किए गए फील्ड आंकलन के आधार पर किया गया है, ताकि संवेदनशील क्षेत्रों में जलभराव की समस्या का प्रभावी समाधान किया जा सके।
डॉ. सुमिता मिश्रा ने समयबद्ध क्रियान्वयन, विभागों के बीच बेहतर समन्वय और नियमित निगरानी के महत्व पर जोर दिया, ताकि मानसून से पहले पूरी तैयारी सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी स्वीकृत बाढ़ सुरक्षा कार्यों को निर्धारित समय-सीमा और मानकों के अनुसार पूरा किया जाए।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने संबंधित विभागों को मानसून के दौरान सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूर्ण तैयार रहने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर रोहतक सहकारी चीनी मिल की प्रबंध निदेशक श्वेता सुहाग, महम सहकारी चीनी मिल के प्रबंध निदेशक मुकुंद तंवर, जिला राजस्व अधिकारी प्रमोद चहल, सिंचाई विभाग के कार्यकारी अभियंता अरूण मुंजाल, राजीव राठी, एसडीओ सुजीत एवं अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
