हरियाणा में रोहतक जिले के किलोई गांव के मंदिर में दो दिन पहले भाजपा नेताओं को 8 घंटे तक बंधक बनाने संबंधी मामले में नया मोड़ आ गया है। रोहतक सदर थाने में एक दर्जन लोगों को नामजद करते हुए 200 से अधिक व्यक्तियों पर कई धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। यह केस थाने के एसएचओ की शिकायत पर ही दर्ज किया गया। अमूमन बहुत बड़े मामले में ही थाना प्रभारी खुद शिकायतकर्ता बनता है।
यह केस दर्ज किए जाने की जानकारी इतनी गोपनीय रखी गई कि शनिवार तक इसके बारे में थाना प्रभारी और रोहतक के एसपी के अलावा किसी को कोई जानकारी नहीं थी। रविवार को पुलिस सूत्रों से यह खबर लीक हो गई। रोहतक के एसपी उदय सिंह मीणा ने कहा है कि मामले से जुड़े हर पहलू की जांच की जा रही है। अगर सांसद डॉ. अरविंद शर्मा के खिलाफ कोई शिकायत आएगी तो उसमें भी नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
उधर किलोई गांव में जो कुछ हुआ, भाजपाइयों ने उसका ठीकरा कांग्रेस खासतौर पर पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा और उनके बेटे राज्यसभा सांसद दीपेंद्र हुड्डा के सिर फोड़ते हुए उनका पुतला फूंक दिया। रोहतक के BJP एमपी डॉ. अरविंद शर्मा ने भी विवादित बयान देकर आग में घी डालने का काम किया। डॉ. अरविंद शर्मा के बयान के बाद रविवार को किसानों ने गुरनाम सिंह चढूनी की अध्यक्षता में मकड़ौली टोल पर मीटिंग की। इस मीटिंग में फैसला लिया गया कि डॉ. अरविंद शर्मा के खिलाफ रोहतक एसपी को शिकायत देकर कानूनी कार्रवाई की मांग की जाएगी।
