रोहतक की नई अनाज मंडी सहित जिले की अन्य अनाज मंडियों में गेंहू का उठान न होने से किसानों की पेमेंट अटक गई है। हालांकि, पिछले साल के मुकाबले इस साल गेंहू की पैदावार अधिक है, लेकिन मंडियों से उठान न होना परेशानी का कारण बना हुआ है। इससे किसान परेशान नजर आ रहे हैं।
जिले में अब तक 33 लाख क्विंटल से ज्यादा गेहूं की आवक हो चुकी है, जबकि पिछले साल कुल 32 लाख 43 हजार क्विंटल गेहूं की आवक हुई थी। वहीं, मंडी व खरीद केंद्रों पर 46,639 गेट पास जारी किए गए हैं। खरीद एजेंसियों ने अब तक 248502.64 मीटिंग टन गेंहू की खरीद की है। प्रशासन का दावा है कि 92122.65 मीटिंग टन का उठान हो चुका है, लेकिन मंडियों की हकीकत कुछ ओर बयां कर रही है।
मंडी में फसल लेकर आए किसान सुरेश के ममुतबिक एक सप्ताह पहले गेंहू लेकर आया था, लेकिन अभी तक उसकी पेमेंट नहीं मिली है। गेंहू मंडी में पड़ा हुआ है, जिसका उठान नहीं हो रहा। जब तक उठान नहीं होगा, तब तक उसे पेमेंट नहीं मिलेगी। ऐसे ही अन्य किसान है, जिनकी फसल का उठान नहीं हो रहा।
आढ़ती एसोसिएशन के पूर्व प्रधान डिंपल के अनुसार जिले के किसानों की 80 प्रतिशत से ज्यादा गेहूं की फसल मंडी में आ चुकी है, जबकि उठान इसके मुकाबले बहुत कम है। जब तक उठान नहीं होगा, तब तक किसानों को पेमेंट नहीं मिलेगी। डिंपल ने सरकार से मांग की कि किसानों को बोनस दिया जाए।
मार्केट कमेटी के सचिव दीपक लोहचब के मुताबिक गेहूं के उठान में देरी हो रही है। अनाज मंडी सहित अन्य खरीद केंद्रों में उठान धीमा है। गेट पास से संबंधित दिक्कत पर कहा कि एक दिन सर्वर डाउन होने की वजह से किसानों को दिक्कत आई थी, लेकिन अब सही व्यवस्था है। अनाज मंडी में किसानों को सभी प्रकार की मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।
