Site icon Digital Bhoomi – Haryana's Leading News Plate form and Weekly Newspaper Get latest Haryana News

पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह की सद्भाव यात्रा में नहीं शामिल हुए भूपेंद्र सिंह हुड्डा…बृजेंद्र सिंह बोले – ये कांग्रेस की यात्रा है निजी नहीं

हरियाणा कांग्रेस में एक बार फिर अंदरूनी गुटबाजी खुलकर सामने आ गई है। पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह की सद्भाव यात्रा के समापन कार्यक्रम में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा, सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा और रोहतक के चारों कांग्रेस विधायकों के शामिल न होने से पार्टी के भीतर सियासी हलचल तेज हो गई है। मामला अब कांग्रेस हाईकमान तक पहुंच गया है और इस पूरे घटनाक्रम पर रिपोर्ट भी तलब की गई है।

करीब 13 हजार किलोमीटर लंबी यह सद्भाव यात्रा प्रदेश की 90 विधानसभा सीटों से होकर गुजरी। यात्रा का समापन रोहतक में हुआ, लेकिन कार्यक्रम में हुड्डा गुट की गैरमौजूदगी सबसे बड़ा चर्चा का विषय बन गई।

पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह ने खुलकर कहा कि उन्होंने पूर्व सीएम हुड्डा को पत्र लिखकर कार्यक्रम में आने का निमंत्रण दिया था। इसके बावजूद उनका शामिल न होना कई सवाल खड़े करता है। उन्होंने यह भी कहा कि यात्रा उनकी निजी यात्रा नहीं थी, बल्कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी की अनुमति से शुरू की गई थी और राहुल गांधी खुद यात्रा की लगातार मॉनिटरिंग कर रहे थे।

बृजेंद्र सिंह ने कहा कि गुरुग्राम में राहुल गांधी ने खुद यात्रा का मंच साझा किया था, जिसके बाद यह सवाल ही नहीं उठना चाहिए कि यह कांग्रेस की यात्रा थी या नहीं। उन्होंने इशारों-इशारों में यह भी स्वीकार किया कि कांग्रेस में गुटबाजी मौजूद है। उन्होंने कहा कि “जब बंद मुट्ठी खुलती है तो दर्द होता है।”

उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि वह न तो विधायक हैं और न सांसद, इसलिए कई बार मंत्री और सांसद रह चुके नेता उनकी यात्रा में क्यों आएंगे। उनके इस बयान को सीधे तौर पर हुड्डा गुट पर निशाना माना जा रहा है।

समापन कार्यक्रम में मौजूद वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व विधानसभा स्पीकर कुलदीप शर्मा ने भी बिना नाम लिए हुड्डा गुट पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अब कांग्रेस में व्यक्तिवाद नहीं चलेगा और भाजपा को हराने के लिए 36 बिरादरी को साथ लेकर चलना होगा।

वहीं कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने मामले को संभालने की कोशिश करते हुए कहा कि वह राहुल गांधी के प्रतिनिधि के तौर पर कार्यक्रम में पहुंचे थे, इसलिए यह मानना चाहिए कि पूरी कांग्रेस कार्यक्रम में मौजूद थी। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस पूरी तरह एकजुट है और भाजपा सरकार जनता के साथ धोखा कर रही है।

हालांकि राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज है कि सद्भाव यात्रा के समापन कार्यक्रम में वरिष्ठ नेताओं की अनुपस्थिति को लेकर पार्टी हाईकमान नाराज है और जल्द ही जवाबदेही तय की जा सकती है।

Exit mobile version