रेवाड़ी। जनपद के गांव खेड़ी में गुरुवार सुबह हरियाणा रोडवेज की लापरवाही के कारण एक बेहद दर्दनाक हादसा हो गया। कोचिंग जाने के लिए बस में चढ़ रही 15 वर्षीय छात्रा असंतुलित होकर नीचे गिर गई, जिसके बाद ओवरलोड बस का पिछला टायर उसके दोनों पैरों के ऊपर से गुजर गया। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। घबराया ड्राइवर बस छोड़कर पास ही बाजरे के खेत में जा छिपा, लेकिन पीछा कर रहे गुस्साए ग्रामीणों ने उसे ढूंढकर धुनाई कर दी और सड़क पर जाम लगा दिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव खेड़ी निवासी गंगाराम की 15 वर्षीय बेटी मधु प्रतिदिन की तरह रेवाड़ी में कोचिंग लेने के लिए गुरुवार सुबह गांव के बस अड्डे पर पहुंची थी। रेवाड़ी डिपो की यह बस (जो रात को गुजरवास गांव में नाइट स्टे पर थी) ड्राइवर अशोक कुमार और कंडक्टर रविंद्र के साथ सुबह रेवाड़ी के लिए रवाना हुई थी। गुजरवास से चलते हुए खेड़ी पहुंचते-पहुंचते बस सवारी से खचाखच भर चुकी थी। मधु जैसे ही बस के अगले दरवाजे की पायदान पर चढ़ी और उसका एक ही पांव बस के अंदर था, तभी दूसरा पांव रखने से पहले ही ड्राइवर ने बस आगे बढ़ा दी। अचानक झटके से मधु का संतुलन बिगड़ गया और वह नीचे सड़क पर गिर पड़ी। इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, बस का भारी-भरकम टायर उसकी दोनों टांगों को कुचलता हुआ निकल गया।
हादसे के तुरंत बाद मौके पर हाहाकार मच गया। छात्रा की चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण और बस में सवार यात्री मदद के लिए दौड़े। ग्रामीणों का गुस्सा देख ड्राइवर अशोक कुमार बस को मौके पर ही छोड़कर पास में स्थित बाजरे के खेत में जाकर छुप गया। पीछा कर रहे ग्रामीणों ने जब बाजरे के खेत को छाना तो ड्राइवर वहां झाड़ियों में छिपा मिला। ग्रामीणों को देखते ही ड्राइवर हाथ जोड़कर अपनी जान की भीख मांगने लगा और माफी मांगने लगा, लेकिन गुस्साए ग्रामीणों ने उसकी एक न सुनी और उसकी जमकर पिटाई कर दी। घटना की जानकारी के अनुसार, आरोपी ड्राइवर अशोक कुमार की अगले साल मार्च महीने में ही सरकारी सेवा से रिटायरमेंट होने वाली थी।
हादसे से आक्रोशित ग्रामीणों ने छात्रा की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया और रेवाड़ी-कोसली मार्ग पर भारी जाम लगा दिया। ग्रामीणों ने रोडवेज प्रशासन और ड्राइवर की लापरवाही के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। घटना की सूचना मिलते ही कोसली थाना पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए ग्रामीणों को शांत कराया और निष्पक्ष कानूनी कार्रवाई का आश्वासन दिया। पुलिस की समझाइश के बाद ग्रामीणों ने जाम खोला, जिसके बाद यातायात व्यवस्था बहाल हो सकी। फिलहाल गंभीर रूप से घायल छात्रा मधु का इलाज अस्पताल में जारी है, जहां उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।
