मुस्कान बल्हारा के सुसाइड केस में आरोपी पति शीलू बल्हारा सहित चारों आरोपियों को पुलिस ने पूछताछ करके छोड़ दिया है क्योंकि कानून के तहत 24 घंटे से ज्यादा समय तक किसी आरोपी को हिरासत में नहीं रखा जा सकता है। अब आरोपियों की गिरफ्तारी से पहले पीएमआर (पोस्टमार्टम रिपोर्ट) व मोबाइल फोन की सीडीआर (कॉल डिटेल रिपोर्ट) का इंतजार किया जा रहा है।
अंतरराष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी शीलू बल्हारा की पत्नी मुस्कान बल्हारा (23) का शुक्रवार दोपहर बाद साढ़े चार बजे घर में कमरे के अंदर फंदे से लटकता शव मिला था। मुस्कान के पिता गांव फरमाणा निवासी सुखबीर उर्फ बिट्टू ने दामाद शीलू उर्फ टिंकू बल्हारा, पिता सुरेंद्र, मां निशा देवी व छोटे भाई मनीष बल्हारा के खिलाफ दहेज प्रताड़ना व आत्महत्या को मजबूर करने की एफआईआर दर्ज कराई थी। शनिवार शाम को मुस्कान के अंतिम संस्कार के बाद पुलिस ने शीलू बल्हारा समेत चारों हिरासत में लिया था। इसके बावजूद आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
पुलिस का कहना है कि जांच अधिकारी एसआई सोहनलाल सोमवार को पोस्टमार्टम रिपोर्ट लेने पीजीआई गए थे। तीन सदस्यीय पैनल ने कहा कि अभी रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं। यह तो तय है कि मुस्कान ने आत्महत्या की है। बाकी डिटेल विसरा जांच के बाद ही पता लग सकेगी। पोस्टमार्टम के दौरान मृतका के नाखूनों के भी सैंपल लिए हैं। ताकि यह पता लग सके कि किसी अन्य व्यक्ति की त्वचा के अंश तो नहीं हैं। उधर, साइबर सेल से मुस्कान के अलावा आरोपियों के मोबाइल फोन की सीडीआर रिपोर्ट भी नहीं आई है।
रोहतक जिले के गांव बहु अकबरपुर निवासी इंटरनेशनल कबड्डी प्लेयर शीलू बल्हारा की पत्नी मुस्कान बल्हारा के सुसाइड केस में अहम मानी जा रही पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट पुलिस को मिल चुकी है। हालांकि रिपोर्ट में क्या है, इसके बारे में अभी जानकारी नहीं मिल सकी, लेकिन यह रिपोर्ट ही केस के आगे की कार्रवाई तय करेगी।
अंतर्राष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी शीलू बल्हारा की पत्नी मुस्कान बल्हारा ने 31 जुलाई की शाम को फांसी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी। मुस्कान के मायके पक्ष ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने सहित अन्य आरोप लगाते हुए केस दर्ज करवाया। हालांकि अभी तक मामले में किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है, क्योंकि अभी तक पंचायतों का दौर चल रहा है।
पुलिस को पोस्टमॉर्टम की रिपोर्ट मिल चुकी है, जिसके बाद भी पुलिस के सामने असमंजस की स्थिति बनी हुई है। रिपोर्ट में मुस्कान के शरीर पर चोट के निशान थे या नहीं, इसके बारे में पुलिस कुछ भी नहीं बोल रही। वहीं, मायके पक्ष को भी रिपोर्ट अभी तक नहीं दिखाई गई है।
गांव फरमाना में हुई पंचायत के दौरान दोनों गांवों के सरपंचों की मौजूदगी में निर्णय लिया कि तेहरवीं तक मुस्कान के ससुर सुरेंद्र के ऊपर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। जबकि शीलू व मनीष के खिलाफ कार्रवाई पर मायके पक्ष के लोग कायम है। दोनों अभी भी पुलिस की हिरासत में ही है।
थाना बहुअकबरपुर एसएचओ जसबीर ने बताया कि मुस्कान सुसाइड केस में पुलिस दोनों गांवों के बीच हो रही पंचायत पर नजर बनाए हुए है। वहीं मायके पक्ष से एक व्यक्ति को तेहरवीं तक कार्रवाई न करने के बारे में लिखकर दिया गया है। पुलिस मामले में अपनी जांच कर रही है। तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
