गुरुग्राम जिले के जाटौली गांव का 18 वर्षीय छात्र दीपांशु राघव हरिद्वार में गंगा स्नान के दौरान गंगा के तेज बहाव में बह गया। घटना के बाद से उसका कोई सुराग नहीं मिला है। एसडीआरएफ की टीम लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है, लेकिन तेज जलप्रवाह के कारण तलाश में कठिनाई आ रही है।
जानकारी के अनुसार, दीपांशु अपनी मौसी के घर मेरठ गया हुआ था। वहीं से वह अपने मौसेरे भाई के साथ हरिद्वार घूमने और गंगा स्नान के लिए पहुंचा। दोनों बलराम घाट के पास सप्तऋषि क्षेत्र में स्नान कर रहे थे। इसी दौरान गंगा की तेज धारा में दोनों बह गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी, जिसके बाद एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची।
रेस्क्यू के दौरान दीपांशु के मौसेरे भाई को सुरक्षित बचा लिया गया, लेकिन दीपांशु का अब तक कोई पता नहीं चल सका है। एसआई आशीष त्यागी के नेतृत्व में एसडीआरएफ की टीम डीप डाइविंग और अन्य रेस्क्यू उपकरणों की मदद से लगातार उसकी तलाश कर रही है।
सीए बनने का सपना देख रहा था दीपांशु
दीपांशु ने हाल ही में 12वीं कक्षा पास की थी और बी.कॉम प्रथम वर्ष में दाखिला लिया था। साथ ही वह चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) बनने की तैयारी कर रहा था। परिवार में वह दो भाइयों में सबसे छोटा था। उसके पिता सुनील कुमार डेयरी व्यवसाय से जुड़े हैं।
घटना की सूचना मिलते ही पिता सुनील कुमार और अन्य परिजन शनिवार को हरिद्वार पहुंच गए। उन्होंने प्रशासन से बेटे को जल्द से जल्द तलाशने की गुहार लगाई।
पहली बार गया था हरिद्वार
परिजनों ने बताया कि दीपांशु पहली बार हरिद्वार घूमने और गंगा स्नान के लिए गया था। किसी ने नहीं सोचा था कि यह यात्रा इतनी दर्दनाक साबित होगी। गंगा का जलस्तर और बहाव काफी तेज होने के कारण रेस्क्यू अभियान चुनौतीपूर्ण बना हुआ है।
गुरुग्राम के वार्ड पार्षद रवि ने बताया कि दीपांशु पढ़ाई में होनहार, शांत स्वभाव का और बेहद संस्कारी छात्र था। उसके लापता होने की खबर से पूरे जाटौली गांव और आसपास के क्षेत्र में चिंता और मायूसी का माहौल है।
40 सेकंड का वॉयस ओवर:
हरिद्वार से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। गुरुग्राम के जाटौली गांव का 18 वर्षीय छात्र दीपांशु राघव गंगा स्नान के दौरान तेज बहाव में बह गया। वह मेरठ से अपने मौसेरे भाई के साथ हरिद्वार पहुंचा था। दोनों सप्तऋषि क्षेत्र में स्नान कर रहे थे, तभी गंगा की धारा उन्हें बहा ले गई। एसडीआरएफ ने भाई को सुरक्षित बचा लिया, लेकिन दीपांशु का अब तक कोई सुराग नहीं मिला है। हाल ही में 12वीं पास कर बीकॉम में दाखिला लेने वाला दीपांशु सीए बनने का सपना देख रहा था। पिता और परिजन हरिद्वार पहुंच चुके हैं, जबकि एसडीआरएफ का सर्च ऑपरेशन लगातार जारी है।
