हरियाणा में 5 दिन तक भारतीय स्टेट बैंक (SBI) की सभी ब्रांच बंद रहेंगी। जिसकी वजह है कि कर्मचारी 25 और 26 मई को दो दिवसीय हड़ताल रहेंगे। ऑल इंडिया स्टेट बैंक ऑफ इंडिया स्टाफ फेडरेशन (AISBISF) ने कर्मचारियों की विभिन्न मांगों को लेकर यह हड़ताल बुलाई है। यूनियन ने बैंक प्रबंधन के सामने 16 प्रमुख मांगें रखी हैं, जिनमें कर्मचारियों की भर्ती, पेंशन, आउटसोर्सिंग और जबरन क्रॉस-सेलिंग जैसे मुद्दे शामिल हैं।
हड़ताल का सबसे ज्यादा असर शाखाओं में होने वाले कामकाज पर देखने को मिल सकता है। चेक क्लियरिंग, कैश जमा-निकासी, पासबुक अपडेट, नए खाते खोलने और अन्य बैंकिंग सेवाएं प्रभावित रह सकती हैं। खासतौर पर वर्कमैन कैटेगरी के कर्मचारियों की भागीदारी के कारण शाखा संचालन धीमा पड़ सकता है।
हालांकि बैंक प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि डिजिटल बैंकिंग सेवाएं सामान्य रूप से जारी रहेंगी। इंटरनेट बैंकिंग, मोबाइल ऐप, यूपीआई ट्रांजैक्शन और एटीएम सेवाओं पर कोई बड़ा असर नहीं पड़ेगा।
- चतुर्थ श्रेणी और सशस्त्र गार्डों की भर्ती: बैंक में मैसेंजर (चतुर्थ श्रेणी) के खाली पदों पर स्थायी भर्ती की जाए और शाखाओं की सुरक्षा के लिए पर्याप्त संख्या में आईबी गार्ड्स नियुक्त हों।
- एनपीएस और भर्ती में सुधार: नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) के तहत कर्मचारियों को अपना पेंशन फंड मैनेजर चुनने की आजादी मिले और 7वें द्विपक्षीय समझौते के तहत रिटायर हो रहे कर्मचारियों की पूरी गणना में वेतन के सभी कंपोनेंट्स को जोड़ा जाए।
- आउटसोर्सिंग पर रोक और स्टाफ ट्रांसफर: स्थायी प्रकृति के कार्यों को बाहरी एजेंसियों के जरिए न कराया जाए तथा साल 2019 के बाद भर्ती हुए कर्मचारियों को इंटर सर्किल ट्रांसफर (ICT) का मौका दिया जाए।
- क्रॉस-सेलिंग पर लगाम: बीमा और म्यूचुअल फंड जैसी थर्ड पार्टी सेवाएं बेचने के लिए कर्मचारियों पर अनावश्यक दबाव न बनाया जाए।

